मसौली बाराबंकी। कोरोना संक्रमण को देखते हुए मुहर्रम का त्योहार सार्वजनिक रूप से नहीं मनाया जाएगा और न ही किसी तरह के जुलूस आदि निकाले जायेंगे। कोविड 19 का कड़ाई से पालन किया जायेगा। उक्त बातें शुक्रवार को थाना मसौली में मोहर्रम पर्व को लेकर बुलाई गई ताजियादारो एव सम्भ्रान्त व्यक्तियों की शांति समिति की बैठक को सम्बोधित करते हुए उपजिलाधिकारी सदर अभय कुमार पाण्डेय ने कही। उन्होंने कहा कि सरकार की गाइडलाइन के अनुसार 30 सितम्बर तक कोई भी सार्वजनिक समारोह, धार्मिक उत्सव एव राजनैतिक आंदोलन आयोजित नही किये जायेंगे। सार्वजनिक स्थानों पर मूर्तियों एव ताजियों की स्थापना नही की जायेगी। अपनी स्वेच्छा से एक से दो फिट तक की ताजियों को घर में रख सकते है परन्तु उन्हें दफन नही किया जाएगा। क्षेत्राधिकारी रामनगर दिनेश कुमार दुबे ने बैठक में उपस्थित सम्भ्रान्तजनों को धन्यवाद देते हुए कहा कि आप लोगो ने कोरोना जैसी महामारी में पिछले त्यौहारो में सहयोग दिया है उसी प्रकार आने वाले त्यौहारो को सादगी एव अकीदत से घरो पर मनाये जिससे इस महामारी से स्वयं एव दुसरो को बचा सके। सीओ ने कहा कि धार्मिक स्थलों पर कोरोना संक्रमण के बचाव के लिए जरूरी है कि एक समय में 5 से अधिक व्यक्ति इकठ्ठा न हों, और फेस कवर फिजिकल डिस्टेंसिंग के मानकों का कड़ाई से पालन किया जाए। तथा सभी धर्मो के लोग कोरोना के बढ़ते प्रभाव को देख घरो पर रह कर ही पर्व को मनाए। धार्मिक सौहार्द बिगड़ने न पाए इसलिए सोशल मीडिया पर अराजकतत्वों पर विशेष नजर रखे। प्रभारी निरीक्षक विजेंद्र शर्मा ने लोगो से अपील करते हुए कहा कि पहले हम सुरक्षित रहे फिर त्यौहार मनाएंगे इसलिए आप सभी लोग स्वयं जागरूक रहे और दूसरों को भी जागरूक रखे कि पूजा स्थलों एव इबादतगाहों में एक बार में पांच से अधिक लोग एकत्रित न हों जिससे कोई समस्या उत्पन्न हो। इस मौके पर ग्राम प्रधान वसीम अंसारी, गुड्डु मौर्य, पप्पू प्रधान, हारिश शौकत, जाकिर अली, कलीम चैधरी, प्रधान ओमकार यादव, मो. जुबेर खान, नासिर खान, कामिल खाँ, पूर्व प्रधान बाबू अंसारी, मो. सलमान सहित क्षेत्र से भारी संख्या में ताजियादार एव सम्भ्रान्त जन मौजूद थे।
मोहम्मद वसीम कुरेशी संवाददाता मसौली बाराबंकी।

