अजमेर में प्रशासन भी करवाएगा शादी समारोह की वीडियोग्राफी। कोविड-19 के नियमों का उल्लंघन होने पर जुर्माना वसूला जाएगा।
शादी समारोह की सिर्फ सूचना देनी है। पुलिस का भी नहीं है दखल-कलेक्टर प्रकाश राजपुरोहित।
चिकित्सा मंत्री के सम्पर्क में आए केकड़ी के ग्रामीण उप स्वास्थ्य केन्द्रों पर कोरोना टेस्ट करवा सकते हैं।
शादी समारोहों में 100 से अधिक लोगों के शामिल होने पर अजमेर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। ऐसे समारोह में कोविड-19 के नियमों का पालन भी सख्ती से करवाया जाएगा। अजमेर के जिला कलेक्टर प्रकाश राजपुरोहित ने माना कि इन दिनों कोरोना संक्रमण बढ़ रहा है और ऐसे माहौल में भी शादी समारोह हो रहे हैं। प्रशासन नहीं चाहता कि किसी की लापरवाही से संक्रमण को बढ़ावा मिले। आमतौर पर शादी के हर समारोह में वीडियोग्राफी होती ही है, लेकिन 100 से अधिक लोगों की मौजूदगी वाले समारोह की वीडियोग्राफी प्रशासन भी अपने स्तर पर करा सकता है ताकि कोविड-19 के नियमों के उल्लंघन का पता लगाया जा सके। यदि किसी समारोह में 100 से अधिक लोग मिले तो शादी के आयोजकों से 25 हजार रु पए का जुर्माना वसूला जाएगा। लोगों को समारोह में दो गज की दूरी के नियमों का भी पालन करना होगा। कलेक्टर ने कहा कि शादी समारोह की सूचना देने में किसी भी परिवार को परेशान होने की जरुरत नहीं है। प्रशासन की ओर से कोई अनुमति भी नहीं दी जा रही है। परिवार के किसी भी सदस्य को समारोह स्थल के बारे में विस्तृत सूचना देनी है। यह सूचना शहर में अतिरिक्त कलेक्टर को तथा ग्रामीण क्षेत्र में उपखंड कार्यालय में देनी है। सूचना के साथ आधार कार्ड जैसा कोई दस्तावेज देने की जरुरत नहीं है। ऐसी सूचना सादे कागज पर लिख दी जा सकती है। कलेक्टर ने स्पष्ट कहा कि सूचना देने के मामले में पुलिस का कोई दखल नहीं है। यदि किसी संबंधित थाने से शादी वाले परिवार को बुलाया जा रहा है तो इस संबंध में पुलिस अधीक्षक से बात करेंगे। राज्य सरकार ने जो दिशा निर्देश दिए है, उसमें शादी वाले परिवार के सदस्यों को पुलिस थाने पर बुलाने का प्रावधान नहीं है। हो सकता है कि किसी थाने की पुलिस समझाइश कर रही हो।

