हमारे यहां सन्तों महत्माओ की बड़ी प्रतिष्ठा है। सबकुछ त्याग कर समाज को नई दिशा देने का काम करते है।
एसएम न्यूज़24टाइम्स के जिला ब्यूरो के साथ मसौली संवाददाता अवधेश वर्मा शांती वर्मा की रिपोर्ट मोबाइल नंबर 8707331705
मसौली बाराबंकी। हमारे यहां सन्तों महत्माओ की बड़ी प्रतिष्ठा है। सबकुछ त्याग कर समाज को नई दिशा देने का काम करते है। जिसमें अनेक सन्त हुए है उन सन्तों में कबीरदास जी का स्थान सबसे ऊंचा है। बिना पढ़े लिखे होने के बाद भी वाणी एवं शब्दों में शक्ति थी।आज 6 सौ साल बीतने के बाद एक एक पंक्ति पर एक एक ग्रंथ लिखे जा चुके है। कितने लोग उसका अध्ययन एवं शोध कर रहे है। ऐसे सन्त थे।उसी तरह के विशाल साहेब अपने लिए कोई आश्रय या मठ नही बनाया अमरई गांव के बाहर रहते थे। लेकिन उनकी प्रतिष्ठा क्षेत्र में ही नही काफी दूरदराज तक थी इसीलिए उनकी राह पर लाखों लाख लोग चलके कबीर पन्थी बन गए।उसी परम्परा को निभाकर निष्ठा बढ़ने का काम कर रहे है।जो पूरे वर्ष कभी गुजरात, छत्तीसगढ़, नेपाल आदि देशों का भ्रमण कर कबीर जी के सन्देश को जन-जन तक पहुंचाने एवं उनके मध्य में व्यक्तिगत, परिवार हो या समाजिक समस्याओं को निपटाने एवं सुलझाने का नियंत्रण काम कर रहे है।आज जो कबीर की वाणी है हमारे लिए बहुत महत्वपूर्ण है आज हम लोगों को कठोर बना दिया है कि अब सरल होना बहुत कठिन लगता है जबकि कबीर कहते है कि सहज बनो और सरल बनो इसी सहजता सरलता में उसी मार्ग पर चलकर शक्ति के दर्शन कर सको। उक्त बातें छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सन्त कबीर अध्यात्म संस्थान मुजापुर में सदगुरु विशाल देव साहेब की 46 वीं पुण्यतिथि के अवसर पर कही।श्री बघेल ने कहा कि कबीर जी कहते है कि आप लोगों बाहर जाने की जरूरत नही है अपने घर में ईश्वर या शक्ति को नही देखे है।तो फिर बाहर कुछ नही पा सकते है। इसके लिए स्वयं को पहचानो कि हम है कौन जब अपने को पहचान लेंगे तो आप का व्यवहार वही होगा जो दूसरे के प्रति जो आप खुद चाहते है।तो आप दूसरे का अपमान एवं घृणा कर ही नही सकते है।इसी लिए कबीर जी प्रेम के कवि है। कबीर के मनाने वाले हर धर्म के लोग शामिल है।यह लोग समाज को जोड़ने का काम करते है। सामज में प्रेम और भाईचारा बनाने का काम करते है।

इसके पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने पूज्यनीय निष्ठा साहेब से भेंट कर सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना किया।श्री बघेल ने विशाल देव साहेब के समाधि स्थल जीर्णोद्धार का फीता काट कर उद्घाटन किया। और विशाल साहेब और प्रेम साहेब की समाधि स्थल पर पहुंच कर पुष्य अर्पित किया। संस्थान के अध्यक्ष आलोक दास ने पुष्प एवं शाल भेंट किया। निष्ठा साहेब ने कहा कि अच्छे संगत से अच्छी ज्ञान मिलता है। अच्छे ज्ञान के लिए सत्संग में शामिल होना चाहिए। इधर उधर भटकने के बजाय अपने घर में ही माता-पिता की सेवा से बढ़कर कुछ नही। ग्राम प्रधान देवकलिया बिजय बहादुर वर्मा ने मुख्यमंत्री को चित्र भेंट किया। सन्त निष्ठा साहेब सेवा ट्रस्ट द्वारा 240 साधू संतो को कम्बल वितरण किया गया। इस मौके पर पूर्व सांसद पी एल पुनिया, छत्तीसगढ़ विधायक प्रतीमा चन्द्रकर, डॉ एल के सैनी, आलोक दास, अरुण यादव,अमर साहेब, तत्पर साहेब, राजकुमार विश्वकर्मा,सफरुल खान, मोहम्मद आलम अंसारी सहित काफी संख्या में लोग मौजूद थे।
एसएम न्यूज़24टाइम्स के जिला ब्यूरो के साथ मसौली संवाददाता अवधेश वर्मा शांती वर्मा की रिपोर्ट मोबाइल नंबर 8707331705

