आम बजट में रामनगर के पर्यटन विकास पर ध्यान नहीं दिया: राजनाथ बुढ़वल वाया महादेवा रेलवे लाइन को लेकर समाजवादी चिंतक ने किया सत्याग्रह
सगीर अमान उल्लाह जिला ब्यूरो बाराबंकी
बाराबंकी। भाजपा सरकार की उदासीनता के कारण बुढ़वल वाया महादेवा से बहरामघाट तक जाने वाले बहुप्रतिक्षित रेलवे लाइन आज भी बदहाल स्थिति में है। जिसके जीर्णोद्धार को लेकर विगत कई वर्षों से जन आन्दोलन व सत्याग्रह जारी है। ऐसी स्थिति में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस साल भी आम बजट में रामनगर के पर्यटन विकास पर ध्यान नहीं दिया। जबकि तत्कालीन केन्द्रीय रेल राज्यमंत्री मनोज सिन्हा ने अश्वस्त किया था कि राज्य सरकार की मदद से जल्द ही स्थलीय निरक्षण कराकर बंद पड़ी रेलवे लाइन का जीर्णोद्धार प्रारम्भ कराया जाएगा। यह बात गांधी भवन में एकदिवसीय सत्याग्रह पर बैठे समाजवादी चिन्तक राजनाथ शर्मा ने कही। इस मौके पर बहुप्रतिक्षित बुढवल वाया बहरामघाट (गणेशपुर) रेलवे लाइन का पुनर्निमाण कराए जाने एवं लोधेश्वर महादेव मंदिर में आने वाले शिवभक्तों के लिए जिला प्रशासन द्वारा स्थाई विश्राम स्थल, जलपान गृह व प्राथमिकी चिकित्सीय सुविधा मुहैया कराए जाने संबंधी मांगों को दोहराया गया। सत्याग्रही राजनाथ शर्मा ने बताया कि सूबे के सबसे प्राचीनतम शिवमंदिरों में शुमार रामनगर स्थित लोधेश्वर महादेव मंदिर जहां लखनऊ, उन्नाव, कानपुर, औरैया, इटावा, मैनपुरी के अलावा झांसी, जालौन, ललितपुर सहित कई अन्य जनपदों से पैदल चलकर लाखों शिवभक्त महादेवा स्थित लोधेश्वर मंदिर में जलाभिषेक करने आते है। उनकी सुविधानुसार महादेवा तक राष्ट्रीय राजमार्ग के बांयी ओर ‘स्थाई पैदल सहायक मार्ग’ बनाया जाना चाहिए। जिसकोे ‘कांवरिया पथ’ के नाम से जाना जाए। जो पूरी तरह अतिक्रमण मुक्त हो। श्री शर्मा ने यह भी बताया कि द्वितीय विश्वयुद्ध के दौरान ईंधन की कमी से बंद हुई बुढवल जंक्शन से महादेवा वाया बहरामघाट (गणेशपुर) तक जाने वाली रेल लाइन को पुनः बहाल किया जाए। क्योंकि रेलमार्ग के बंद होने से जहां उप्र का सबसे बड़ा लकड़ी उत्पादन केन्द्र प्रभावित हुआ वहीं रेल यातायात की समस्या के चलते अगानपुर, बरूआ, लम्बापुर, रजनापुर, महादेवा, गोबरहा, बड़नपुर, गंजापुरवा, पिन्नापुर व बहरामघाट का क्षेत्र अति पिछड़ा हो गया। श्री शर्मा ने आगे कहा कि महादेवा के विकास की बात पीएम नरेन्द्र मोदी और सीएम योगी आदित्यनाथ के अलावा कई केन्द्रीय मंत्री व कैबिनेट मंत्री कर चुके है लेकिन बुढवल वाया महादेवा रेल ट्रैक आज भी बदहाल पड़ा हुआ है। जिस समस्या की ओर ध्यान आकर्षित कराने को लेकर कई बार सत्याग्रह का आयोजन किया जा चुका है। इस मौके पर बैठक में प्रमुख रूप से वरिष्ठ अधिवक्ता हुमायूं नईम खान, आल इण्डिया मुस्लिम वारसी समाज के अध्यक्ष वासिक वारसी, अशोक कुमार शुक्ल, विनय कुमार सिंह, मृत्युंजय शर्मा, पाटेश्वरी प्रसाद, शिवा शर्मा, उदय प्रताप सिंह, रवि प्रताप सिंह, दानिश आजम वारसी, हरि ओम सिंह, समीर सिंह, रंजय शर्मा, संजय सिंह, तरूण मिश्रा, सत्यवान वर्मा, नीरज दूबे, ज्ञान शंकर तिवारी, मनीष सिंह, सोमनाथ धारा सहित कई लोग मौजूद रहे।
सगीर अमान उल्लाह जिला ब्यूरो बाराबंकी

