जल्द ईओ/ मजिस्ट्रेट की तैनाती न होने पर नगरपालिका अध्यक्ष व सभासदों के साथ अनिश्चितकालीन धरने पर बैठेंगे राकेश गांधी
एटा। एटा नगरपालिका के अधिशासी अधिकारी डॉ दीप कुमार वार्ष्णेय अपनी भ्रष्ट कार्यशैली को लेकर चर्चा में बने रहते हैं, कही बार ईओ की भ्रष्ट कार्यशैली के खिलाफ जनप्रतिनिधियों से लेकर नगरपालिका अध्यक्ष प्रतिनिधि राकेश गांधी एवं सभासद आवाज उठा चुके हैं लेकिन तमाम विरोध के बावजूद ईओ डॉ दीप कुमार वार्ष्णेय अपनी कुर्सी पर जमे हुए हैं, शहर में जनचर्चा यह भी है कि ईओ डॉ दीप कुमार वार्ष्णेय को राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है जिसके चलते वह तानाशाही के दम पर जमकर नगरपालिका में भ्रष्टाचार को बढ़ावा दे रहे हैं। नगरपालिका के अन्तर्गत शहर में कराए जा रहे विकास कार्यों में जमकर धांधली और घटिया सामग्री इस्तेमाल करने की खबरें समय-समय पर समाचारपत्रों में प्रकाशित होती रही हैं लेकिन इसके बावजूद ईओ के संरक्षण में विकास कार्यों में घटिया सामग्री इस्तेमाल होती आ रही है। लेकिन अब ईओ की तानाशाही और भ्रष्ट कार्यशैली के खिलाफ शहरवासियों में नाराजगी को देखते हुए जन-विरोधी कार्यों से आहत होकर नगरपालिका के सभासदों ने बोर्ड बैठककर अधिशासी अधिकारी नगरपालिका एटा डॉ दीप कुमार वार्ष्णेय को कार्यमुक्त का प्रस्ताव पारित किया है। सभासदों ने ईओ पर गंभीर आरोप लगाएं हैं कि शहर में होने वाले विकास कार्यों में लापरवाही साथ ही लगभग एक वर्ष पूर्व शहर के चारों तरफ तीन-तीन किलोमीटर सीमा विस्तार हेतु सभासदों द्वारा कहा गया लेकिन ईओ द्वारा कोई संज्ञान नहीं लिया गया।
सभासदों द्वारा प्रस्ताव पारित होने के बाद पालिकाध्यक्ष प्रतिनिधि राकेश गांधी ने जिलाधिकारी व आयुक्त अलीगढ़ मण्डल से मांग की है कि शीघ्र किसी ईओ या मजिस्ट्रेट की तैनाती एटा नगर पालिका में की जाए अगर उनकी मांग नही मानी जाती है तो वह पालिकाध्यक्ष मीरा गांधी व सभासदों सहित अनिश्चितकाल के लिए धरने पर बैठेंगे।

