फ़िलिस्तीन आरपार की लड़ाई के लिए तैयार, ईरान ने दिया हर तरह के सहयोग का आश्वासन
आईआरजीसी की क़ुद्स ब्रिगेड के कमांडर मेजर जनरल इस्लमाईल क़ा-आनी ने फ़िलिस्तीन के इस्लामी आंदोलन हमास के प्रमुख से टेलीफ़ोन पर बातचीत की है और उन्हें ट्रम्प की डील ऑफ़ द सेंचरी के ख़िलाफ़ लड़ाई में तेहरान के भरपूर सहयोग का आश्वासन दिया है।
इस्लामाईल हनिया के साथ बातचीत में जनरल क़ा-आनी ने कहाः तेहरान अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रम्प की इस डील को पूर्ण रूप से ख़ारिज कर चुका है और वह इसे लागू नहीं होने देगा।

उन्होंने कहा कि इस डील को नाकाम बनाने के लिए ईरान, फ़िलिस्तीन के प्रतिरोधी संगठनों के साथ क़दम से क़दम मिलाकर खड़ा है।
जनरल क़ा-आनी का कहना था कि ईरान, फ़िलिस्तीनी राष्ट्र और फ़िलिस्तीनी प्रतिरोध के समर्थन के लिए शहीद जनरल क़ासिम सुलेमानी के मार्ग पर आगे बढ़ता रहेगा।
ग़ौरतलब है कि मंगलवार को इस्राईली प्रधान मंत्री बेंजामिन नेतनयाहू की मौजूदगी में व्हाइट हाउस में ट्रम्प ने 181 पेज वाली इस विवादित डील का अनावरण किया था।
इस डील में फ़िलिस्तीनियों के मौलिक अधिकारों को भी नज़र अदांज़ कर दिया है, यहां तक कि वेस्ट बैंक के जिन इलाक़ों पर इस्राईल ने 1967 के बाद क़ब्ज़ा किया था, उन पर भी ज़ायोनी शासन के क़ब्ज़े को मान्यता दे दी गई है।
बैतुल मुक़द्दस (यरूशलेम) के निकट स्थित एक गांव को भविष्य के फ़िलिस्तीन की नई राजधानी क़रार दिया गया है।
समस्त फ़िलिस्तीनियों ने एक ज़बान होकर इस डील को रद्द कर दिया है। शनिवार की रात क़ाहिरा में अरब लीग की बैठक में भी इस लीग के 22 सदस्यों ने सर्वसम्मति से ट्रम्प की डील ऑफ़ द सेंचरी को रद्द कर दिया है।

