नाबालिगों के हाथ मे  ई-रिक्शा की कमान जोखिम में जान  पुलिस प्रशासन अनजान

रिपोर्ट- मुकीम अहमद अंसारी

सहसवान। नगर में ई-रिक्शा की है भरमार ई रिक्शा से आए दिन होते रहते हैं हादसे फर्राटा भरने वाले अधिकांश ई-रिक्शा की कमान नाबालिगों के हाथ दिखाई दे रही है। चालक इस हल्के वाहन को तेज रफ्तार में दौड़ा रहे हैं। इससे लोगों की जान पर खतरा बना हुआ है। नाबालिगों के हाथों में स्टेयरिंग होने से नगर में ई-रिक्शा पलटने की कई घटनाएं भी चुकी हैं। लोगों की जान खतरे में डालकर फर्राटा भरने वाले ऐसे वाहन चालकों पर नजर पड़ने के बाद भी पुलिस ने उन्हें यातायात नियम बताना मुनासिब नहीं समझ रही है। बैट्री से चलने वाला ई-रिक्शा बेरोजगार युवकों के लिए रोजगार का माध्यम बन गया है। यही कारण है कि नगर में दर्जनों युवक सहित नाबालिग ई-रिक्शा चलाते हुए दिखाई दे रहे हैं। सवारियों को ढोने के साथ ही छोटे-छोटे बच्चों को स्कूल ले जाने और घर पहुंचाने का कार्य कर रहे हैं। मार्गों पर तेज रफ्तार से दौड़ने वाले अधिकांश ई-रिक्शा की कमान नाबालिगों के हाथ में दिखाई दे रही है। जो लापरवाही पूर्वक उसे दौड़ा रहे हैं। यह चालक बिना इंडीकेटर जलाए ही अचानक वाहनों को जहां तहा मोड़ देते  हैं, वहीं सवारियों के आवाज लगाने पर अचानक सड़क पर ही वाहन का ब्रेक लगा देते है , जिससे पीछे और सामने से आने वाले वाहनों से टकराने का भय बना रहता है। इस वाहन में तीस किमी रफ्तार का मीटर लगा हुआ है लेकिन चालक इसे हवा में उड़ा रहे हैं। इस वाहन की हालत यह है कि यह काफी हल्का है। तेज रफ्तार चलने के दौरान अगर छोटे गड्ढे में भी इसका पहिया चला गया तो वाहन पलटने की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता है। बावजूद इसके ये अवयस्क चालक तेज रफ्तार से इसे दौड़ा रहे हैं। कई नाबालिग चालक छोटे-छोटे बच्चों को स्कूल ले जाने और छुट्टी होने पर घर पहुंचाने का कार्य कर रहे हैं। इससे बच्चों पर भी खतरा मंडरा रहा है।

इसके अलावा नगर में ई-रिक्शा पलटने की कई घटनाएं हो चुकी है। चिंता की बात यह है कि लोगों की जान को जोखिम में डालने वाले इन चालकों पर नजर पड़ने के बाद भी पुलिस उन्हें नियम-कानून बताने का काम नहीं कर रही है। इससे ऐसा लग रहा है कि शायद कोई बड़ी दुर्घटना होने के बाद पुलिस इस मनमानी पर रोक लगाने की कवायद शुरु करें इस संबंध में प्रभारी निरीक्षक सौरभ सिंह ने कहा कि अगर नाबालिग ई रिक्शा चाला रहे हैं तो यह गलत चेकिंग अभियान चलाया कर इस पर रोक लगाई जाएगी।

रिपोर्ट- मुकीम अहमद अंसारी

Don`t copy text!