कानून नहीं तो कोरोना से डरिए भाई। कोरोना को हल्के में लेना पड़ेगा भारी। कोरोना वायरस का संक्रमण जनपद अंबेडकर नगर में भी तेजी से फैल रहा है। इससे बचाव के लिए टीकाकरण मास्क व शारीरिक दूरी बनाने में लोग बेपरवाह हैं
अंबेडकरनगर कानून नहीं तो कोरोना से डरिए भाई। कोरोना को हल्के में लेना पड़ेगा भारी। कोरोना वायरस का संक्रमण जनपद में भी तेजी से फैल रहा है। इससे बचाव के लिए टीकाकरण, मास्क व शारीरिक दूरी बनाने में लोग बेपरवाह हैं। जबकि कोरोना महामारी के पलटवार ने सभी को फिर चिता में डाल दिया है। कई शहरों में भीड़ पर पाबंदी लगने लगी है, तो कहीं नाइट कर्फ्यू चल रहा है। इससे सबक लेते हुए जिले में भी बाहर से आ रहे लोगों की रेलवे व बस स्टेशनों पर थर्मल स्कैनिग आदि की व्यवस्था की गई है। बाजारों एवं सार्वजनिक स्थलों पर न शारीरिक दूरी का पालन किया जा रहा, न किसी के चेहरे पर मास्क दिखता है। सैनिटाइजर तो बीते दिनों की बात हो गई है।
एक सप्ताह से कोरोना पसार रहा पांव : बीते एक सप्ताह में मरीजो मैं वृद्धि देखने को मिली है। वहीं टीका लगवाने भी लोग कतरा रहे हैं। रोजाना हो रहे टीकाकरण में 40 से 50 फीसद ही लक्ष्य के सापेक्ष लग पा रहा है। अब लगभग 51 केंद्रों पर टीकाकरण किया जा रहा है। जिला अस्पताल में मरीज और तीमारदार एक जगह इकट्ठे दिखे। वार्डों में भी शारीरिक दूरी नजर नहीं आई। बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक के चेहरे से मास्क गायब था। अस्पताल में कहीं भी सैनिटाइजर की व्यवस्था नहीं रही। डाक्टर और कर्मचारी भी लापरवाह नजर आए। यही नजारा दुकानों एवं बाजारों में भी दिखा। कहीं कोई रोकटोक नहीं। बसों में खचाखच भरे यात्रियों में किसी के मुंह पर मास्क नहीं दिखा।

