श्रावस्ती:में महाराष्ट्र से पैदल चलकर पहुचे युवक की क्वारन्टीन सेन्टर में हुई अचानक मौत।

सद्दाम हुसैन संवाददाता जिला श्रावस्ती

श्रावस्ती:जिले में गैर जनपदों और गैर प्रदेशों से आये लोगो को 14 दिन के लिये क्वारन्टीन कर दिया जाता है सिर्फ यँहा भोजन का इन्तिज़ाम होता है क्वारन्टीन सेन्टरों में किसी प्रकार की कोई स्वास्थ्य सेवाएं नही होती है इसी लापरवाही का नतीजा महाराष्ट्र से आये के एक युवक को अपनी जान देकर उठाना पड़ा क्वारन्टीन  किये गये युवक की क्वारन्टीन सेन्टर में मौत हो गई।
मामला श्रावस्ती जनपद के थाना मल्हीपुर के मठखनवा का है जँहा आज सुबह 5 बजे 1400 किलोमीटर दूर महाराष्ट्र से पैदल चलकर चोरी छुपे पहुचा इंसाफ अली गाँव मे ही स्कूल में बने क्वारन्टीन सेंटर में 14 दिनों के लिये क्वारन्टीन हो गया लेकिन 14 दिन छोड़िये वह 14 घण्टे भी क्वारन्टीन में नही बिता पाया और 11 बजे दिन के आस पास बात करते करते उसकी रहस्यमय तरीके से मौत हो गई।क्वारन्टीन सेन्टर में युवक की मौत की खबर आग की तरह जिले में फैल गई जिससे जनपद में हड़कंप मच गया स्वास्थ विभाग और पुलिस विभाग के आला अधिकारी आनन फानन में गांव पहुचे जहां पर कोरोना प्रोटोकॉल के तहत उसके शव को पोस्टमार्टम के लिये भेज दिया गया वंही मृतक के शव पर पहुचे परिवार के लोगों को उसी स्कूल में क्वारन्टीन कर दिया गया।वंही क्वारन्टीन में युवक की मौत एक रहस्य बन गई जिसको सुलझाने में स्वास्थ्य और पुलिस महकमा लग गया है।

सद्दाम हुसैन संवाददाता जिला श्रावस्ती

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