पुलिस व दबंग प्रधान की मिलीभगत के चलते न्याय के लिए भटकने को मजबूर अनुसूचित जाति की महिला
शान्ती देवी अवधेश वर्मा एसएम न्यूज़24टाइम्स विशेष संवाददाता मसौली जनपद बाराबंकी 8707331705
मसौली बाराबंकी। पुलिस हमारी रक्षक है यह हम बचपन से सुनते चले आ रहे है लेकिन अगर यही रक्षक पुलिस यह भूलकर अपने पास न्याय की आश में पहुचे फरियादियों का शोषण करना शुरू कर दे तो आम जनता का क्या होगा? कहने को तो सबको बराबरी का अधिकार मिल गया है लेकिन यह सब कागजो पर ही है! वास्तविक सच्चाई देख़ना है तो उत्तरप्रदेश की राजधानी लखनऊ से सटे जिले बाराबंकी आइये! यहां मसौली थाना के अंतर्गत बिंदौरा गाँव निवासनी दलित महिला आरती देवी पत्नी संदीप कुमार से नाली को लेकर गाँव का जयसिंह आये दिन विवाद करता रहता है और दबंगई कर जान से मारने की धमकी भी देता है! इन सबसे परेशान होकर आरती देवी ने मसौली थाने पर शिकायत भी की थी लेकिन दबंगों के प्रभाव के चलते मसौली थाना पुलिस ने कोई कार्यवाही नही की! प्रधान के पास जब नाली का प्रकरण पंहुचा तो प्रधान ने आरती देवी को चुनावी रंजिश के चलते यह कहकर कि तुम्हारे घर वालों ने हमें वोट नही दिया था और अकेला पाकर दलित महिला को पीट दिया जिसमें जय सिंह पुत्र रामबली, अवध राम पुत्र सुंदर, अनिल पुत्र राम सोनू और कई अज्ञात लोग भी शामिल रहे! गंभीर हालत में इनके चंगुल से किसी तरह छूट कर जब दलित महिला आरती देवी मसौली थाने पहुंची तो हलके के दरोगा रविंद्रनाथ ने एफआईआर दर्ज करने के बजाय प्रार्थना पत्र को ही फाड़ कर फेक दिया! अब देखना है कि जहां राष्ट्रपति भी दलित महिला है, राज्यपाल भी महिला है वहां इस दलित महिला आरती देवी को कब तक न्याय मिलेगा।
शान्ती देवी अवधेश वर्मा एसएम न्यूज़24टाइम्स विशेष संवाददाता मसौली जनपद बाराबंकी 8707331705

