एसडीएम प्रेमपाल सिंह द्वारा मतगणना के दौरान लिए गए सही फैसले की नगर में हो रही है खूब प्रशंसा।
मुकीम अहमद अंसारी संवाददाता (एसएम न्युज24 टाइम्स) सहसवान- बदायूं
सहसवान। नगर निकाय चुनाव की मतगणना के दौरान पुलिस क्षेत्राधिकारी द्वारा मतगणना एजेंटों के खिलाफ किए गए दुर्व्यवहार की कड़ी आलोचना हो रही है जबकि एसडीएम द्वारा लिए गए सही फैसले की नगर में खूब चर्चा हो रही है। हुआ यह था की 5 राउंड की मतगणना जब शांतिपूर्ण संपन्न हो गई। तब निर्दलीय प्रत्याशी मीर हादी अली उर्फ बाबर मियां भाजपा प्रत्याशी अनुज माहेश्वरी से लगभग 1500 मतों से आगे हो गए। इसी बीच भाजपा प्रत्याशी की एजेंट और निर्दलीय प्रत्याशी मीर हादी अली उर्फ बाबर मियां के एजेंट के बीच मामूली कहासुनी हो गई। फिर वहां मौजूद भाजपा प्रत्याशी के एजेंटों ने हंगामा करना शुरू कर दिया शोर-शराबा देख पुलिस भी अंदर दाखिल हो गई। पुलिस ने मामले को शांत कराते हुए सभी एजेंटों को मतगणना स्थल से बाहर निकाल दिया। जबकि कुछ भाजपा के एजेंट अंदर मौजूद रहे। इसका वहां मौजूद अन्य एजेंटों ने जब विरोध किया तब पुलिस उनके साथ सख्ती से पेश आई। यह सूचना किसी प्रकार सड़क पर जमा भीड़ तक पहुंच गई और भीड़ हंगामा करने लगी। यह सूचना पाकर पुलिस क्षेत्राधिकारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए और सड़क पर जमा भीड़ को हटाने के लिए लाठी चार्ज करा दिया। पुलिस का लाठीचार्ज होते देख भीड़ इधर-उधर भागने लगी। कई लोग खेतों में लगे कटीले तारों में जाकर फस कर गंभीर रूप से घायल हो गए जबकि पुलिस की पिटाई से कई लोगों के चोटें भी आई ।

मतगणना स्थल पर मौजूद भाजपा प्रत्याशी अनुज महेश्वरी और उनके एजेंट पूरी मतगणना की रिकाउंटिंग करने की मांग करने लगे। जिसको लेकर दोनों ओर से कहासुनी होने लगी। जब यह मामला एसडीएम प्रेमपाल सिंह के सामने पहुंचा तब उन्होंने कहा कि मैं पांचवें राउंड की अपने सामने रिकाउंटिंग कराऊंगा। जिस पर मामला शांत हो गया। मगर भाजपा के एजेंट एसडीम पर दबाव बनाने लगे की पूरी मतगणना की रिकाउंटिंग फिर से कराई जाए इस बात को एसडीएम प्रेमपाल सिंह ने सिरे से खारिज कर दिया और कहा कि मतगणना बिल्कुल सही हुई है पुनः मतगणना की रिकाउंटिंग कराना किसी प्रकार से उचित नहीं है। मैं किसी के दबाव में आने वाला नहीं हूं। जो सही होगा वही करूंगा। हालांकि भाजपा नेताओं ने एसडीएम प्रेमपाल सिंह पर काफी दबाव बनाने का प्रयास किया मगर वह किसी के दबाव में नहीं आए। निर्दलीय प्रत्याशी के एजेंटों का आरोप है कि भाजपा प्रत्याशी की ओर से कहीं एजेंट बिना अनुमति पास के अंदर घूमते रहे मगर पुलिस ने उनसे कुछ नहीं कहा और ना ही उनका पास देखने की जहमत उठाई। जबकि इसके विपरीत पुलिस के अधिकारी बार-बार पुलिस कर्मचारियों से कह रहे थे कि जो मीडिया कर्मी अंदर हैं उनके पास देख लें अगर कोई बिना पास के अंदर हो तो उसे तत्काल बाहर निकाल दें। पुलिस का पूरा फोकस मीडिया कर्मियों की तरफ था इसीलिए बार-बार उनकी ओर इशारा किया जा रहा था। पुलिस के खराब रवैया से माहौल गरमा गया। जब पुलिस को इसकी भनक लगी कि नगर का बाजार पूरी तरह से बंद हो गया है। और भीड़ जमा होकर मतगणना स्थल की ओर बढ़ रही है। इससे पुलिस के हाथ पैर फूल गए। और वही पुलिस कुछ देर पहले भाजपा एजेंटों व उनके नेताओं के सहारे पर काम कर रही थी। भीड़ का रुख देखकर उसने अपना रूख बदल लिया। और मतगणना कि लिखा पढ़ी होने से पूर्व ही जीते हुए प्रत्याशी मीर हादी अली उर्फ बाबर मियां को जीत का प्रमाण पत्र दिलवाकर उनकी कोठी पर अपनी गाड़ी से पहुंचाने कि जल्द वाली करने लगी। नगर में एसडीएम प्रेमपाल सिंह द्वारा लिए गए सही फैसले की खूब प्रशंसा हो रही है। और पुलिस की कार्यप्रणाली की जमकर फजीहत हो रही है।
मुकीम अहमद अंसारी संवाददाता (एसएम न्युज24 टाइम्स) सहसवान- बदायूं

