सहसवान, बदायूँ। सहसवान कोतवाली पुलिस की कार्यप्रणाली पर पत्रकारों ने गंभीर सवाल उठाए हैं। आरोप है कि कोतवाली में आयोजित होने वाली पीस कमेटी की बैठकों की जानकारी जानबूझकर पत्रकारों से छिपाई जाती है, जिससे क्षेत्र की महत्वपूर्ण खबरों को कवर करने में बाधा उत्पन्न हो रही है। इस रवैये से नाराज स्थानीय पत्रकारों ने अब पीस कमेटी की बैठकों की कवरेज का पूर्ण बहिष्कार करने का निर्णय लिया है।
नगर में शांति व्यवस्था और त्योहारों के मद्देनजर कोतवाली पुलिस द्वारा समय-समय पर पीस कमेटी की बैठकें बुलाई जाती हैं। इन बैठकों का उद्देश्य प्रशासन और आम जनता के बीच समन्वय बनाना होता है। हालांकि, स्थानीय पत्रकारों का कहना है कि पुलिस प्रशासन द्वारा न तो उन्हें इन बैठकों की पूर्व सूचना दी जाती है और न ही बैठक के बाद कोई प्रेस विज्ञप्ति साझा की जाती है।
पत्रकारों का तर्क है कि लोकतंत्र के चौथे स्तंभ के रूप में उनकी उपस्थिति आवश्यक है ताकि जनहित की बातें और प्रशासन के संदेश आम जनता तक सही रूप में पहुँच सकें। पुलिस की इस “गोपनीयता” को पत्रकार अपनी उपेक्षा और कार्य में बाधा उत्पन्न करना मान रहे हैं।
पत्रकार एसोसिएशन संघ के प्रतिनिधियों ने अनवर खान ,और अबीर सक्सेना ने स्पष्ट रूप से कहा है कि यदि भविष्य में पीस कमेटी की बैठकों की सूचना समय पर नहीं दी गई, तो पत्रकार ऐसी बैठकों की कवरेज नहीं करेंगे।
प्रशासनिक पारदर्शिता के अभाव में इस प्रकार की सूचनाओं को जनता तक पहुँचाना संभव नहीं है।
पत्रकारों द्वारा बहिष्कार का निर्णय लिया गया है।
*मुकीम अहमद अंसारी ब्यूरो चीफ एसएम न्युज 24 टाइम्स बदायूं*

