सरकारें बदलती गयी परंतु नही बदल पाए शहर के हालात….!
अब्दुल मुईद सिटी-अपराध ब्यूरो। (एस0एम0 न्यूज 24 टाइम्स) 9936900677
स्वच्छता के दावे को उजागर करती गंदगी
बाराबंकी। शहर के सबसे साफ सुथरे इलाके के तौर पर मशहूर मोहल्ले का नाम सिविल लाइन्स है। लेकिन अगर आप गलती से बस स्टेशन से रेलवे स्टेशन रोड पर जाएं तो आपकी सारी गलतफ़हमियाँ दूर हो जाएंगी। बताते चले कि शहर के जाने माने जवाहरलाल नेहरू डिग्री कॉलेज के ठीक सामने कूड़ा घर बना हुआ है जिसकी हालत आप इन फोटो से देख सकते हैं कि कूड़े का ढेर लगा हुआ है। गंदा पानी सडक पर बह रहा है जिसके कारण रोड में भी बड़े-बड़े गड्ढे हो गये हैं। ऐसा प्रतीत होता है जैसे हफ्तों से कूड़ा नहीं उठाया गया। परन्तु प्रशासन की कान में जूँ तक नहीं रेंग रहा है। ऐसा लगता है कि शहर के सबसे क्रीम इलाके के ऐसे हालात हो जाने से प्रशासन को कोई मतलब ही नही है। साफ सफाई का दावा करने वाली नगर पालिका परिषद खुलेआम बीमारियों को दावत दे रही है। इस रोड पर सुबह से शाम तक हजारों लोग निकलते हैं। सब्जी मंडी लगती है और दोपहर बाद जो सब्जी मंडी में भीड़ होती है उसकी भी चिंता नगर पालिका के स्वास्थ्य विभाग को नहीं है। जब कोई दुर्घटना हो जाती है तो लकीर पीटते हुए अपना दोष दूसरों पर लगाते हुए वही पुराना घिसा पिटा जवाब दे देते हैं कि जांच की जाएगी और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही की जाएगी। सम्बंधित अधिकारियों द्वारा कही गयी यह बात समय के साथ धुंधली पड़ती नज़र आती है। और समस्या ज्यों की त्यों रह जाती है। इस सम्बंध में जब हमारे संवाददाता ने पवन कुमार, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद, नवाबगंज से फोन पर बात की तो आश्चर्य की बात यह देखने को मिली कि रोज़ किसी न किसी काम से उसी रास्ते से निकलने के बाद भी इन सरकारी दामादों के संज्ञान में यह बात है ही नहीं। तथा उनका कहना था कि देखता हूँ। हालांकि उनका यह जवाब किसी हद तक जायज भी है क्योंकि कुछ दिनों पहले ही उन्होने अधिशासी अधिकारी का पदभार ग्रहण किया है। जबकि सफाई निरीक्षक के पद पर मधुलिका काफी दिनों से तैनात हैं। सफाई की पहले जवाबदेही उनकी है। लेकिन सफाई व्यवस्था सही ना होने के कारण उनकी लापरवाही उजागर होती है।
अब्दुल मुईद सिटी-अपराध ब्यूरो। (एस0एम0 न्यूज 24 टाइम्स) 9936900677

