योगी सरकार के आदेश की खुलेआम उड़ा रहे धज्जियां , प्राइवेट कर्मचारियों के हवाले पूर्ति कार्यालय, बना अवैध बसूली का अड्डा।
मुकीम अहमद अंसारी ब्यूरो चीफ एसएम न्युज 24 टाइम्स बदायूं
सहसवान, बदायूं। उत्तर प्रदेश में योगी सरकार ने प्राइवेट कर्मचारियो की सरकारी कार्यालय में किसी भी प्रकार का कार्य करने पर पूर्ण रूप से रोक लगा दी। प्राइवेट कर्मचारियों को कतई भी ना रखा जाएं सरकारी दफ्तरों में प्राइवेट कर्मचारियों द्वारा हो रही अवैध तरीके से वसूली को लेकर यूपी सरकार ने सख्ती दिखाई है। प्रमुख सचिव ने सभी मंडलायुक्त और जिलाधिकारियों को आदेश दिया है कि ‘बाहरियों’ को ढूंढ-ढूंढकर बाहर करें। उन्होंने साफ कहा है कि दफ्तरों में किसी भी कीमत पर बाहरी लोगों से काम नहीं लिया जाए। योगी सरकार के फरमान को ताख में रखते हुए सहसवान पूर्ति कार्यालय प्राइवेट कर्मचारियों के हवाले है।पूर्ति कार्यालय में आधा दर्जन बाहरी व्यक्ति शासनादेश की अनदेखी करते हुए पूर्ति की मेहरबानी से जमे हुए है जो पूर्ति कार्यलय आने वाले राशन कार्ड धारकों से संशोधन व नवीन राशन कार्ड बनाने व आधार कार्ड लिंक करने के नाम पर खुलेआम बेखौफ होकर अवैध बसूली कर रहे है। पूर्ति कार्यालय प्राइवेट कर्मचारियों की अवैध बसूली का अड्डा बन गया है। प्राइवेट कर्मचारियों द्वारा नगर व देहात क्षेत्रों से दलालो के माध्यम से राशन कार्ड संशोधन और नवीन राशन कॉर्ड बनाने के नाम पर धड़ल्ले से धन बसूली कर गरीबो का शोषण कर रहे है। साथ ही प्राइवेट कर्मचारी सरकारी कार्यालय की गोपनीयता भंग करने से भी बाज़ नही आ रहे है।
आखिर किस मद से होता है प्राइवेट कर्मचारियों का भुगतान।
तहसील क्षेत्र के देहात क्षेत्र में लगभग 185 राशन की दुकान है नाम न छापने की शर्त पर देहात क्षेत्र के एक राशन डीलर ने बताया कि इन प्राइवेट कर्मचारियों से पूर्ति निरीक्षक द्वारा प्रत्येक राशन डीलर से तीन हज़ार रुपये प्रतिमाह के हिसाब से बसूली की जाती है प्रत्येक माह में पाँच लाख पचपन हज़ार अवैध रुप से बसूला जा रहा है। यह सब खेल एक लंबे अरसे से चल रहा है मगर प्रशासन के अधिकारी जानकारी होने के बाबजूद भी मौन धारण किए हुए है। जब शासन का स्पष्ठ आदेश है कि सरकारी कार्यालयो में भ्रष्टाचार को रोकने के लिए बाहरी व्यक्तिओ के काम करने पर पूर्ण रूप से रोक लगा दी गयी है फिर किस की शह पर पूर्ति कार्यालय में खुलेआम बाहरी व्यक्तियों को काम करने की छूट दी गयी है।
क्या बोले एसडीएम
एसडीएम प्रेमपाल सिंह ने बताया कि मुझे इस संबंध में कोई जानकारी नही है अगर कोई बाहरी व्यक्ति पूर्ति कार्यालय में काम कर रहा है तो वह शासनादेश का उल्लंघन है किसी भी कीमत बाहरी व्यक्ति सरकारी कार्यालय में काम नही करने दिया जाएगा मामले की जांच कराकर पूर्ति निरीक्षण के विरुद्ध कार्यावाही की जाएगी।
मुकीम अहमद अंसारी ब्यूरो चीफ एसएम न्युज 24 टाइम्स बदायूं

