बाराबंकी। थाना कोठी प्रभारी ने मुखबिर की सूचना पर छः शातिर मोबाइल फोन चोरों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने इनके पास से 43 मल्टीमीडिया मोबाइल फोन और चार मोटर साइकिले बरामद की है। पकड़े गये चोर कई जनपदों में मोबाइल चोरी की घटनाओं को अंजाम दे चुके हैं। पुलिस अधीक्षक ने इस गुडवर्क से खुश होकर कोठी पुलिस टीम को बधाई दी है। जानकारी के अनुसार, बीती 12 अप्रैल को थाना कोठी क्षेत्र के ग्राम पूरे पण्डित मजरे पडरावां निवासी राजेन्द्र कुमार पुत्र रामलखन और इसी थाना क्षेत्र के ग्राम बसंतपुर निवासी मायाराम पुत्र जियालाल सेमरावां में लगने वाली साप्ताहिक बाजार में खरीददारी करने गये थे। सामान खरीदते समय इन दोनो लोगों के मोबाइल फोन शातिर चोर जेब से चुराकर फरार हो गये थे। थाना प्रभारी कोठी रितेश कुमार पाण्डेय ने राजेन्द्र कुमार की तहरीर पर अज्ञात चोरों के विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत किया था। क्षेत्राधिकारी हैदरगढ़ के दिशा निर्देश पर थाना प्रभारी ने शातिर चोरों की तलाश शुरु कर दी थी। बुधवार सुबह मुखबिर की सूचना पर थाना प्रभारी ने कस्बा सेमरावां के पास शातिर चोरों के गिरोह के छः सदस्यों को गिरफ्तार किया। पकड़े गये चोरों में से गिरोह का सरगना जनपद ललितपुर के थाना मेहरोनी के ग्राम सिंघेपुर निवासी देवेन्द्र पुत्र कोडर जी, इसी थाना क्षेत्र के सिंघेपुर निवासी इसंतपाल पुत्र पर्वतलाल यहीं के निवासी नसीब पुत्र राकेश, मध्यप्रदेश प्रांत के जनपद दतिया के थाना देहात के ग्राम प्रकाश नगर निवासी इंकू पुत्र नमेलाल, प्रकाशनगर के ही निवासी टंटू पुत्र राजेश खन्ना व मध्यप्रदेश के जनपद विदिशा ग्राम सिरोन निवासी धनवीर पुत्र पन्नालाल को धर दबोचा। पुलिस ने इन आरोपियों के पास से 43 मल्टीमीडिया मोबाइल फोन व चार मोटर साइकिले बरामद की। पकड़े गये आरोपियों के बारे में थाना प्रभारी कोठी रितेश कुमार पाण्डेय ने बताया कि यह सभी शातिर अभियुक्त हैं इन लोगों का गिरोह कई जनपदों में सक्रिय है। उन्होने आगे बताया कि जनपद ललितपुर और दतिया से यह सभी लोग जनपद बाराबंकी, गोण्डा, बहराइच, बस्ती, अयोध्या, सुलतानपुर आदि जनपदों से आकर जिले के मुख्यालय के बाहर अपना डेरा लगाते है। हमारी महिलाएं आस-पास के गांव/कस्बों में चूड़ी और कान की आर्टीफिशियल ज्वैलरी बेचती है। हम अपने बच्चों को बाजारों एवं कस्बों में मोटर साइकिल से ले जाकर छोड़ देते है और हमारे बच्चे दुकान एवं व्यक्तियों के जेब से महगें मोबाइल सफाई से निकाल लेते है। हम लोगों के पास जब काफी संख्या में चोरी के मोबाइल हो जाते है तो वहां से वापस अपने मूल निवास स्थान पर चले जाते है। थाना प्रभारी ने आगे बताया कि मूल निवास स्थान जाने पर चोरी किये गये मोबाइलों को सस्ते दामों पर बेच देते है। कुछ दिनों बाद पुनः दूसरे जनपद में जाकर इस तरह से चोरी करते है। बरामद मोबाइलों की सर्विलांस के माध्यम से जांच कर आवश्यक कार्यवाही की जा रही है। पुलिस अधीक्षक यमुना प्रसाद ने इस गुडवर्क से खुश होकर कोठी पुलिस टीम को पुरस्कृत करने की घोषणा की है।

