जन समस्या, ग्राम पंचायत में कितना हुआ विकास? कागजों पर ही नजर आया सैदनपुर ग्राम पंचायत का विकास शौचालय निर्माण में जमकर हो रही है धांधली ना तो है गड्ढे ना ही प्लास्टर खुले में शौच जाने को मजबूर हैं इस ग्राम पंचायत की बहू बेटियां
मामुन अंसारी जिला ब्यूरो बाराबंकी(एस0एम0 न्यूज 24 टाइम्स)
बाराबंकी। ग्राम पंचायतों के विकास के लिए सरकार करोड़ों रुपए पानी की तरह बहा रही है लेकिन ग्राम पंचायत में विकास कोसों दूर नजर आ रहा है, इसी की पड़ताल करने के लिए हमारे संवाददाता बाराबंकी के विकास खंड सिद्धौर की ग्राम पंचायत सैदनपुर के ग्राम गोसाईनपुरवा पहुंचे जहां पर दर्जनों ग्रामीणों ने अपनी समस्या बताते हुए ग्राम प्रधान की जमकर पोल खोली ,वही के ग्रामीणों ने अपने शौचालय दिखाते हुए कहा कि ग्राम प्रधान के द्वारा शौचालय में जमकर बंदरबांट की गई है जिसके चलते शौचालय सुचारू रूप से चल नहीं रहे हैं, शौचालय में ना तो गड्ढे हैं और ना ही अच्छे मसाले का प्रयोग किया गया है बल्कि शौचालय गिरने की कगार पर भी पहुंच चुके हैं, इसी गांव की एक महिला ने बताया कि शौच के लिए खेतों में गई थी जहां उन्हें आवारा मवेशियों ने बुरी तरह जख्मी कर दिया जिससे गंभीर चोटें आई, वही की और महिलाओं का कहना है कि ग्राम प्रधान व ग्राम विकास अधिकारी समेत अन्य अधिकारियों की मिलीभगत से शौचालय में बंदरबांट की गई है जिसके चलते शौचालय शौच करने योग्य नहीं है अगर इन शौचालयों के अंदर शौच करने जाओ तो एक डर बना रहता है कि कहीं शौचालय गिर ना जाए, फिलहाल यहां कि एक बुजुर्ग महिला ने बताया कि करीब उम्र 70 साल हो गई है लेकिन किसी भी प्रकार की कोई पेंशन योजना का लाभ नहीं मिल रहा है बल्कि पेंशन दिलाने के नाम पर ₹500 भी ले लिए गए हैं, यहां के ग्रामीणों का और भी दावा था कि ग्राम प्रधान उनके यहां विकास ना करवा कर सौतेला व्यवहार कर रहे हैं, फिलहाल ग्राम पंचायत के चक्कर लगाने के बाद तस्वीरें देखकर यह जरूर कहा जा सकता है कि ग्राम पंचायत में ज्यादा विकास नहीं हुआ है डफरा पुर गांव में सड़कों पर पानी बहता हुआ नजर आया।
गोसाईन पुरवा गांव के ग्रामीणों की ये है मूलभूत समस्या
इस गांव के ग्रामीणों से बातचीत करने के दौरान एक बात जरूर समझ में आई की इस गांव की जो भोली भाली जनता है उसकी मूलभूत समस्या गांव में नाली ना होना तथा स्वच्छ जल पीने के लिए गांव में पर्याप्त मात्रा में नल ना होना फिलहाल बताया जाता है कि इस गांव में करीब 35 से 40 घर होंगे लेकिन नल केवल दो से तीन ही है जिसके चलते यहां की महिलाएं पुरुष आए दिन परेशान रहते हैं यहां के ग्रामीणों का कहना है कि ग्राम प्रधान से इन समस्याओं से निपटने के लिए कई बार कहा गया लेकिन ग्राम प्रधान ने कोई विशेष तरीके से ध्यान नहीं दिया।
मामुन अंसारी जिला ब्यूरो बाराबंकी(एस0एम0 न्यूज 24 टाइम्स)

